newsexpressbharat7.com

15 वर्षीय आदिवासी किशोर का दर्द: मां तीन साल से लापता, पिता मानसिक रूप से अस्वस्थ, जर्जर घर में गुजर रही जिंदगी

सिल्ली: रांची जिले के सिल्ली प्रखंड अंतर्गत दोवाडू पंचायत के कदमबेढा गांव में एक 15–16 वर्षीय आदिवासी किशोर अशोक कुमार मुंडा की जिंदगी सरकारी योजनाओं की जमीनी हकीकत पर सवाल खड़े कर रही है। किशोर की मां, जिनकी मानसिक स्थिति ठीक नहीं बताई जाती थी, लगभग तीन वर्ष पूर्व लापता हो गईं।

वहीं पिता भी मानसिक रूप से अस्वस्थ हैं, जिसके कारण परिवार पूरी तरह बिखर चुका है। मजबूरी में अशोक कुमार मुंडा को अपनी पढ़ाई बीच में ही छोड़नी पड़ी। वह अकेले एक जर्जर मिट्टी के घर में रह रहा है। आर्थिक तंगी ऐसी है कि दो वक्त का भोजन जुटाना भी मुश्किल हो गया है। बरसात के दिनों में टूटे-फूटे घर में रहना जान जोखिम में डालने जैसा है। गांव जंगल से सटा होने के कारण जंगली जानवरों का भी हमेशा खतरा बना रहता है।

सबसे गंभीर बात यह है कि इतनी दयनीय परिस्थितियों के बावजूद अब तक इस परिवार को किसी भी सरकारी योजना का समुचित लाभ नहीं मिल पाया है। न आवास योजना का लाभ मिला और न ही ऐसी कोई प्रभावी व्यवस्था, जिससे किशोर का जीवन सुरक्षित और सम्मानजनक बन सके।मामले को लेकर सिल्ली पश्चिमी जिला परिषद सह जिला उपाध्यक्ष वीणा चौधरी ने बताया कि उन्हें इस संबंध में जानकारी मिली है।

बरसात के मौसम को देखते हुए अशोक कुमार मुंडा के रहने की अस्थायी व्यवस्था पंचायत भवन अथवा किसी अन्य सरकारी भवन में कराई जाएगी। साथ ही उन्होंने कहा कि बहुत जल्द उन्हें सरकारी योजनाओं का लाभ उपलब्ध कराने की प्रक्रिया शुरू की जाएगी।वहीं दोवाडू पंचायत के मुखिया क्षवणजीत सिंह मुंडा ने बताया कि अशोक कुमार मुंडा से आवास मरम्मत योजना के लिए आवेदन मांगा गया था, लेकिन आवेदन जमा नहीं करने के कारण उन्हें योजना का लाभ नहीं मिल सका।

उन्होंने कहा कि आवश्यक प्रक्रिया पूरी होने पर उन्हें सरकारी योजनाओं का लाभ दिलाने का प्रयास किया जाएगा।ग्रामीणों ने प्रशासन से मांग की है कि मामले की गंभीरता को देखते हुए किशोर को तत्काल सुरक्षित आवास, राशन, शिक्षा, सामाजिक सुरक्षा तथा अन्य आवश्यक सरकारी योजनाओं का लाभ उपलब्ध कराया जाए, ताकि उसका जीवन सुरक्षित हो सके ।

Leave a Comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Scroll to Top